फव्वारा तिराहे पर बुलाने के बाद दो गाड़ियों से ले जाने का आरोप, घटना के बाद मंदिर के सामने सड़क पर फेंका
आजमगढ़। जिले में एक युवक को फोन करके बुलाने, उसके साथ मारपीट करने और जबरन गाड़ी में बैठाकर ले जाने का गंभीर मामला सामने आया है। पीड़ित की तहरीर के अनुसार, आरोपियों ने उसे फव्वारा तिराहे के पास बुलाया और फिर कथित तौर पर दो गाड़ियों से ले जाकर रास्ते में बेरहमी से पीटा। मारपीट में युवक के सिर में गंभीर चोट आई और उसका एक हाथ फ्रैक्चर हो गया। आरोप है कि घटना के बाद घायल युवक को मंदिर के सामने सड़क पर फेंक दिया गया। पीड़ित ने आरोपियों पर आठ हजार रुपये और मोबाइल फोन छीनने का भी आरोप लगाया है। मामले में पुलिस ने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया है। पीड़ित प्रेरणा स्रोत यादव पुत्र स्वर्गीय सुभाष यादव, निवासी रानीपुर, थाना मुबारकपुर, आजमगढ़ ने पुलिस अधीक्षक को दिए प्रार्थना पत्र में बताया कि 18 अक्टूबर 2026 की शाम करीब सात बजे उसके मोबाइल पर सौरभ यादव उर्फ दीपक का फोन आया। आरोप है कि सौरभ ने उसे फव्वारा तिराहे पर बुलाया। उस समय पीड़ित अपनी बहन को करतालपुर बाईपास स्थित जीडी ग्लोबल स्कूल के पास एक ब्यूटी पार्लर में फेशियल कराने ले जा रहा था। उसने बताया कि सौरभ की ओर से बार-बार फोन आने के बाद वह अपनी बहन को घर छोड़कर अपने मित्र अतुल सिंह के साथ बताए गए स्थान पर पहुंचा। पीड़ित के अनुसार, रात करीब 9:20 बजे वह फव्वारा तिराहे पर अंग्रेजी शराब की दुकान के पास पहुंचा। वहां सौरभ यादव उर्फ दीपक के अलावा इंदल यादव, मनीष यादव, रणधीर यादव, अभिषेक यादव, अंकित यादव और निखिल यादव उर्फ अपराधी समेत अन्य लोग मौजूद थे। तहरीर में दो अज्ञात व्यक्तियों के भी शामिल होने का आरोप लगाया गया है। मौके पर दो गाड़ियां भी खड़ी थीं, जिनमें एक वाहन संख्या यूपी 54 एएस 4751 और दूसरी सफेद रंग की किआ कार संख्या यूपी 50 डीसी 7811 बताई गई है। प्रेरणा स्रोत यादव ने आरोप लगाया कि मौके पर मौजूद कुछ लोगों ने उससे रजनीकांत और अंकुर को फोन करके बुलाने के लिए कहा। जब उसने ऐसा करने से इनकार कर दिया तो विवाद शुरू हो गया। पीड़ित के मुताबिक, सौरभ यादव उर्फ दीपक के ललकारने पर मनीष यादव ने उसकी पीठ पर मुक्का मारा। इसके बाद आरोपियों ने गाड़ियों से डंडे निकालकर उसके साथ मारपीट शुरू कर दी। पीड़ित ने बताया कि जान बचाने के लिए वह शराब की दुकान के सामने स्थित कपड़े की दुकान की ओर भागा, लेकिन आरोपियों ने कथित तौर पर उसे घसीटकर बाहर निकाल लिया। तहरीर में आरोप लगाया गया है कि वहां मौजूद लोगों के पास असलहे भी थे। कुछ आरोपियों ने उसे जान से मारने की बात कही और बाद में तालाब में फेंकने की चर्चा की। तहरीर के मुताबिक, आरोपियों ने प्रेरणा स्रोत यादव को जबरन सफेद रंग की किआ कार में बैठा लिया और दोनों गाड़ियों से चंडेश्वर होते हुए मेंहनगर की तरफ चले गए। रास्ते में ऊंची गोदाम बाजार भी पड़ा। पीड़ित का आरोप है कि गाड़ी के अंदर भी उसके साथ मारपीट की जाती रही। कार के शीशे बंद होने के कारण उसकी चीख-पुकार बाहर तक नहीं पहुंच सकी। पीड़ित के अनुसार, बाद में उसे गाड़ी से नीचे उतारकर लोहे की रॉड से पीटा गया। इस हमले में उसके सिर पर गंभीर चोट आई और एक हाथ फ्रैक्चर हो गया। शरीर के अन्य हिस्सों में भी चोटें आईं। आरोप है कि मारपीट करने के बाद उसे एक मंदिर के सामने सड़क पर फेंक दिया गया। प्रेरणा स्रोत यादव ने बताया कि गंभीर रूप से घायल होने के बावजूद वह किसी तरह पास के एक घर तक पहुंचा। वहां मौजूद लोगों से उसने अपने परिचित को फोन कराने के लिए कहा। इसके बाद उसके मित्र अतुल सिंह को घटना की जानकारी दी गई। अतुल सिंह ने पुलिस को सूचना दी और 108 नंबर पर फोन करके एंबुलेंस बुलवाई। घायल युवक को पहले रानी की सराय अस्पताल ले जाया गया। वहां उसकी हालत गंभीर देखते हुए जिला अस्पताल रेफर कर दिया गया। इसके बाद जिला अस्पताल से उसे लाइफ लाइन अस्पताल भेजे जाने की बात तहरीर में कही गई है। पीड़ित ने आरोप लगाया है कि घटना के दौरान या उसके बाद उससे आठ हजार रुपये नकद और ओप्पो कंपनी का मोबाइल फोन भी छीन लिया गया। उसने तहरीर में नामजद आरोपियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है। प्रार्थी ने यह भी आरोप लगाया कि संबंधित व्यक्तियों के खिलाफ पहले से आपराधिक रिकॉर्ड मौजूद हैं। फिलहाल, मामले में आरोपियों के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। घटना को लेकर पुलिस की ओर से आगे की जांच और आरोपों की पुष्टि के संबंध में विस्तृत जानकारी सामने आने का इंतजार है। तहरीर में लगाए गए आरोपों की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हुई है। मामले में आरोपियों का पक्ष भी सामने नहीं आया है।














