एन्क्रिप्टेड सोशल मीडिया ग्रुप बनाकर युवाओं को जोड़ने का दावा, जिहाद के लिए तैयार करने और फंड जुटाने की थी योजना
आजमगढ़। यूपी एटीएस ने शनिवार को आजमगढ़ से प्रतिबंधित आतंकी संगठन अलकायदा इंडियन सबकॉन्टिनेंट (AQIS) से कथित तौर पर जुड़े मोहम्मद नबील को गिरफ्तार किया। एटीएस के अनुसार गिरफ्तार आरोपी महमूरपुर थाना क्षेत्र के चितारा गांव का निवासी है और सोशल मीडिया के विभिन्न प्लेटफॉर्म के जरिए अन्य लोगों के साथ मिलकर देश विरोधी गतिविधियों की साजिश रच रहा था। एडीजी कानून-व्यवस्था अमिताभ यश के अनुसार एटीएस को खुफिया जानकारी मिली थी कि मोहम्मद नबील AQIS की विचारधारा का प्रचार-प्रसार कर भारत विरोधी गतिविधियों में लिप्त है। आरोप है कि वह एन्क्रिप्टेड सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर समूह बनाकर युवाओं को जोड़ता था और उन्हें जिहाद के लिए तैयार करने के साथ धन एकत्र करने की योजना बना रहा था। एटीएस के मुताबिक वह आतंकी अनवर उल अवलाकी की विचारधारा से प्रभावित था। एटीएस ने अपने थाने में मुकदमा दर्ज करने के बाद आरोपी को गिरफ्तार किया। एजेंसी का दावा है कि उसके मोबाइल फोन की जांच में AQIS की विचारधारा के प्रचार-प्रसार से संबंधित सामग्री मिली है। उसके द्वारा अरबी नाम ‘ला गालिब-इल्लल्लाह’ से व्हाट्सऐप समूह बनाए जाने की बात सामने आई है। एटीएस के अनुसार समूह में शामिल सदस्यों को ‘मुजाहिद’ कहकर संबोधित किया जाता था और कथित गतिविधियों के लिए ट्रिप, पेन, जूस और प्रोजेक्ट जैसे कोड शब्दों का इस्तेमाल किया जाता था। जांच एजेंसी का दावा है कि समूह में आतंकी अनवर उल अवलाकी की किताब ‘जिहाद करने के 44 तरीके’ साझा की गई थी और सदस्यों से इसे पढ़ने की अपील की गई थी। इसके अलावा AQIS के पूर्व प्रमुख आतंकी मौलाना आसिम उमर की किताब ‘तीसरी जंग-ए-अजीम और दज्जाल’ भी साझा किए जाने की बात कही गई है। एटीएस के मुताबिक नबील ‘फ्लेम्स ऑफ वॉर’ समेत कई अन्य व्हाट्सऐप समूहों से भी जुड़ा था। इन समूहों में बांग्लादेश, म्यांमार और सऊदी अरब समेत अन्य देशों के लोगों के शामिल होने की जानकारी मिलने का दावा किया गया है। एजेंसी के अनुसार इन समूहों में अलकायदा की विचारधारा का प्रचार किया जा रहा था। जांच में यह भी सामने आने का दावा है कि नबील पाकिस्तान, तुर्की और बांग्लादेश जाकर प्रशिक्षण लेने तथा विस्फोटक तैयार करने की योजना बना रहा था। उसके मोबाइल से बम बनाने की विधि से संबंधित वीडियो और पोटैशियम नाइट्रेट हासिल करने को लेकर बातचीत मिलने की बात एटीएस ने कही है। एजेंसी का आरोप है कि वह अपने साथियों के साथ पाकिस्तान के सहयोग से भारत के खिलाफ कथित ‘गजवा-ए-हिंद’ की योजना पर भी चर्चा कर रहा था। एटीएस अब आरोपी को न्यायालय में पेश कर पुलिस कस्टडी रिमांड लेने का अनुरोध करेगी। एजेंसी के अनुसार रिमांड के दौरान आरोपी के नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और उसकी गतिविधियों के संबंध में पूछताछ की जाएगी।














