आजमगढ़। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. अनिल कुमार के निर्देशन में कूटरचित पासपोर्ट एवं अन्य फर्जी दस्तावेज तैयार कर धोखाधड़ी करने वाले आरोपितों के विरुद्ध चलाए जा रहे अभियान के तहत थाना गंभीरपुर पुलिस को महत्वपूर्ण सफलता मिली है। पुलिस ने फर्जी दस्तावेजों के आधार पर अपना नाम, पिता का नाम एवं जन्मतिथि बदलकर अलग-अलग पासपोर्ट बनवाने के आरोप में वांछित अभियुक्त मोहम्मद तारिक को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने आरोपी को न्यायालय में पेश करने की प्रक्रिया शुरू कर दी है। पुलिस के अनुसार, 13 मई 2026 को थाना गंभीरपुर के वरिष्ठ उपनिरीक्षक अरविन्द कुमार यादव ने थाना पर तहरीर देकर शिकायत दर्ज कराई थी कि ग्राम मंगरावा रायपुर निवासी मोहम्मद तारिक पुत्र खालिक अहमद ने कूटरचित दस्तावेज तैयार कर अपने व्यक्तिगत विवरणों में बदलाव किया और अलग-अलग पहचान के आधार पर दो पासपोर्ट बनवा लिए। मामले को गंभीरता से लेते हुए थाना गंभीरपुर में मुकदमा अपराध संख्या 115/2026 धारा 318(4) बीएनएस एवं 12(1)(बी) पासपोर्ट अधिनियम, 1967 के तहत अभियोग पंजीकृत किया गया। विवेचना के दौरान जुटाए गए साक्ष्यों के आधार पर मुकदमे में भारतीय न्याय संहिता की धारा 338, 336(3) एवं 340 की भी बढ़ोत्तरी की गई। जांच के दौरान आरोपी की तलाश की जा रही थी। इसी क्रम में रविवार को उपनिरीक्षक संजय कुमार सिंह अपनी पुलिस टीम के साथ क्षेत्र में मौजूद थे। मुखबिर की सूचना पर पुलिस ने रोहुआ मोड़ से मोहम्मद तारिक को दोपहर करीब 2:35 बजे गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ के बाद आवश्यक विधिक कार्रवाई पूरी करते हुए आरोपी को न्यायालय भेजा जा रहा है। गिरफ्तारी करने वाली टीम में उपनिरीक्षक संजय कुमार सिंह, कांस्टेबल विश्वामित्र तथा कांस्टेबल सूरज खरवार शामिल रहे। पुलिस का कहना है कि पासपोर्ट संबंधी दस्तावेजों में फजीर्वाड़ा करने वालों के खिलाफ अभियान आगे भी जारी रहेगा और ऐसे मामलों में कठोर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।














