पेपर लीक को लेकर हुए विरोध प्रदर्शन के बाद इस्तीफा देने वाले पूर्व शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान सोमवार को संसद पहुंचे। कार से उतरते ही उन्होंने मुस्कुराकर हाथ जोड़कर सबका अभिवादन किया। बीजेपी सांसदों ने धर्मेंद्र प्रधान जिंदाबाद के नारे लगाकर उनका जोरदार स्वागत किया।
सांसद उनके चारों ओर जमा हो गए। एक सांसद ने उन्हें पारंपरिक टोपी पहनाई और कंधे पर शॉल भी।
शनिवार को धर्मेंद्र प्रधान ने दिया था इस्तीफा
ओडिशा से सांसद धर्मेंद्र प्रधान ने शनिवार को शिक्षा मंत्री के पद से इस्तीफा दिया था। परीक्षा में गड़बड़ी और पेपर लेकर छात्रों ने जंतर-मंतर से शुरू होकर देश भर में प्रदर्शन किए थे। सोशल मीडिया ग्रुप CJP ने इस आंदोलन का नेतृत्व किया।
स्तीफे के बाद X पर किए गए पोस्ट में प्रधान ने लिखा, मैंने प्रधानमंत्री को अपना इस्तीफा भेज दिया है। मैं पिछले 10 दिनों की घटनाओं से दुखी हूं। ये मेरे लिए प्रतिष्ठा का सवाल नहीं है। भारत की युवा शक्ति हमारी ताकत है।
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद CJP ने कहा कि सरकार ने उनकी सभी मांगें मान ली हैं और वो विरोध वापस ले रहे हैं।
कांग्रेस ने उठाए सवाल
कांग्रेस ने बीजेपी सांसदों द्वारा प्रधान का स्वागत करने पर सवाल उठाए। राज्यसभा सांसद रेणुका चौधरी ने कहा, उन्होंने बिलकिस बानो के आरोपियों के साथ भी ऐसा ही किया था। ये उनकी आदत है।
उन्होंने 2022 का जिक्र किया जब गुजरात सरकार ने बिलकिस बानो केस के 11 दोषियों को रिहा किया था। रिहाई के बाद उनकी तस्वीरें सामने आई थीं जिसमें रिश्तेदार उन्हें मिठाई खिला रहे थे।
अब शिक्षा मंत्रालय की जिम्मेदारी नए मंत्री प्रह्लाद जोशी को दी गई है।














